29/08/2026
नशेड़ी दयानंद के चेले आर्य समाजी!
सत्यार्थ प्रकाश (प्रथम एवं सातवाँ समुल्लास) में लिखा है कि परमात्मा निराकार है,
जबकि ऋग्वेद (मण्डल 9, सूक्त 96, मन्त्र 18-20) में परमात्मा के दिव्य साकार रूप के प्रमाण हैं।
आर्य समाजी बताएं – परमात्मा को निराकार क्यों बताया?
जवाब का इंतजार है!