11/07/2022
आयुर्वेद के अनुसार वात, पित्त और कफ को दोष मना गया है। दोष कहना इसलिए उचित है, क्योंकि इनमें से किसी भी एक दोष के बढ़ने या घटने से शरीर रोगी हो जाता है। अतः इन त्रिदोषों का संतुलन बनाए रखना स्वस्थ्य शरीर के लिए आवश्यक है। तो आइये त्रिदोषों की विशेषता,कारण, लक्षण एवं आहार, योग और ध्यान के माध्यम संतुलन बनाने की जानकारी हासिल करें।
आयुर्वेद के अनुसार वात, पित्त और कफ को दोष मना गया है। दोष कहना इसलिए उचित है, क्योंकि इनमें से किसी भी एक दोष के बढ़ने...